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Whispers In The Dark
Acoustic

Whispers In The Dark

Anshi ChaddaAnshi Chadda
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Style: Soulful vocals, Acoustic, Ambient pads, female vocal, choir, whisper, romantic, peaceful, dark
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Lyrics

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[Intro]

दो साल, और कितनी रातें,

तेरी आवाज़, मेरी मुलाक़ातें,

तू पास हो तो वक़्त क्यों रुकता नहीं?

तू दूर हो तो दिन क्यों ढलता नहीं?

[Verse 1]

तेरी आँखों में कुछ ऐसा सुकून है,

जैसे शोर में भी ख़ामोशी का जुनून है,

तू हँसे तो मैं वजह ढूंढता रहूँ,

एक और joke, बस तुझे हँसता देख लूँ।

तेरी मुस्कुराहट पे नज़र ठहर जाए,

तू सामने हो तो दुनिया निकल जाए,

और तेरी आँखों का वो ठहरा हुआ सा रंग,

जैसे घर मिल गया हो, सफ़र के बीच-ओ-बीच।

[Pre]

फिर आई वो रात, वो रंग, वो समा,

तुझे चनिया चोली में देखा जब पहली दफ़ा,

कुछ कहना था, पर लफ़्ज़ खो गए,

तू सामने थी, और हम तेरे हो गए।

[Chorus]

तू पास थी तो रात कम थी,

हर एक घड़ी भी ख़ास सी थी,

अब चाँद भी रोज़ निकलता है,

पर उसमें वो बात कहाँ?

तू मिलके भी मुझ में रहती है,

हर याद तेरी कुछ कहती है,

मैं लौट आया हूँ अपनी दुनिया में,

पर दिल का रास्ता तेरे घर जाता है।

[Chorus]

तू हीiiiiiiiiiiii...

तू हीiiiiiiiiiiii...

मेरी हर खुशी में...

तू हीiiiiiiiiiiii...

मेरी हर कमी में...

तू हीiiiiiiiiiiii...

(soft layered whispers: तू ही... तू ही...)

[Verse 2]

शरद पूनम नी रात्रे, वो गाना,

तेरा मेरे साथ सुर में गाना,

गरबा के घेरे में सब थे वहाँ,

पर मेरी नज़र में बस तू थी वहाँ।

तुझे देखूँ भीड़ के उस पार से,

तू देख ले मुझे अपनी नज़र से,

और एक पल को सब थम सा गया,

जैसे वो गाना हमारे लिए ही बना।

तुझे सारे Gujarati गाने याद थे,

हर बोल पे तेरे चेहरे पे रौनक़ थी,

मैं lyrics से ज़्यादा तुझे देख रहा था,

तू गा रही थी, मैं वहीं खो रहा था।

[Chorus]

बस तू, मैं, और वो रातें,

थोड़ी हँसी, थोड़ी सी बातें,

कुछ कहना नहीं, कुछ करना नहीं,

बस पास रहना, कहीं जाना नहीं।

तू हीiiiiiiiiiiii...

तू हीiiiiiiiiiiii...

[Verse 3]

साथ खाना, एक ही plate से,

हाथ थाम लेना भीड़ के बीच में,

तेरे कंधे पे सर रख के रहना,

बिना किसी वजह के तुझे देखते रहना।

वो देर रात तक बातें करना,

फिर बातों के बीच ही चुप हो जाना,

तुझे बाहों में लेकर ये सोचना,

काश सुबह को ना हो कहीं जाना।

तेरे साथ वक़्त गुज़रता नहीं था,

बस पता ही नहीं चलता था,

और अब घड़ी को देखता हूँ मैं,

हर दिन जैसे थोड़ा लंबा चलता है।

[Beat Switch — deeper bass, layered vocals]

दो साल से फ़ासलों को जीता हूँ,

तेरी तस्वीरों में तुझे जीता हूँ,

Call खतम हो, तो दिल मानता नहीं,

तू ठीक है, फिर भी ये मन मानता नहीं।

सब कहते हैं, आदत हो जाएगी,

ये दूरी भी एक दिन मिट जाएगी,

पर कैसे समझाऊँ मैं इन फ़ासलों को,

तेरी आदत नहीं, मुझे तू ही चाहिए।

[Bridge]

तेरी आँखों में जो चैन मिला,

वो कहीं और मुझे आज तक ना मिला,

तू मेरे पास हो तो लगता है,

मैंने ज़िंदगी को थोड़ा सा जी लिया।

और जब तू जाती है, कुछ रह जाता है,

क

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