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Sach Ki Dhadkan
Folk

Sach Ki Dhadkan

Rhggj TRhggj T
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Style: Haryanvi Social Awareness Song, Powerful Male Vocal, Traditional Haryanvi Ragni Style, Deep Rustic Voice, Hard-Hitting Lyrics, Strong Desi Haryanvi Accent, Heavy Dholak, Nagada, Harmonium, Sarangi, Dramatic Folk Music, Emotional and Aggressive Delivery, Powerful Chorus, Clear Pronunciation, Raw Village Atmosphere, Serious and Thought-Provoking Mood, Cinematic Build-Up, Strong Bass, 95 BPM, Professional Studio Recording, No Auto-Tune Effect, No Romantic Vibe., Heavy bass, bass, aggressive
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Lyrics

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रे ग्यान की बात बतावै सै, कर्मां का हिसाब बता, किताबां में जो लिख्या सै, उसका मतलब साफ-साफ बता। अंधभक्ति में पड़कै भाई, आँख ना अपनी बंद कर, सच की खातिर सवाल उठा, सोच-समझ के कदम धर। कबीर के दोहे पढ़कै बोलै, ग्यान की बातें भारी, इस इंसान की पहचान तो कर्मां तै होवै सारी। फिर किस बात का अभिमान सै, किस बात की शान सै, इंसानियत तै बढ़कै बोल, बता के तेरी आन सै।

के अदालत के फैसले तै कोई ऊपर हो जावै सै, केवल बड़े उपदेशां तै कोई भगवान हो जावै सै? सबूत बोलेंगे अदालत में, फैसला कानून सुनाएगा, झूठ-सच का पूरा हिसाब वक्त सामने लाएगा। रे ग्यान की बात बतावै सै, कर्मां का हिसाब बतावै सै, जनता के मन में उठते सवालां का जवाब बता।

धर्म के नाम की ओट में भाई, कितने खेल रचाए सैं, कितने सच्चे, कितने झूठे, कितने राज छुपाए सैं। बातां तै ना सच साबित होवै, ना भीड़ तै न्याय मिलै, सबूतां की रोशनी में देख, हर सवाल का जवाब मिलै। जो भी सच्चाई सामने आवै, उसको दुनिया जानण दे, कानून अपना काम करे, सच नै सामने आणण दे।

कबीर कह गए बात पुराणी, मन में कर विचार, बाहर-बाहर ग्यान दिखावै, भीतर देख विचार। ना गद्दी तै कोई बड़ा, ना भीड़ तै सम्मान, सच्चे कर्म कमावै जो, ऊँचा उसका नाम। भक्त बनण तै पहले भाई, इंसान बनणा सीख, आँख मूँद कै मानण तै अच्छा, सच की राह को देख।

रामपाल हो या कोई दूजा, नियम सभी पै लागू सै, कानून और इंसाफ के आगे, हर इंसान बराबर सै। ना बिना सबूत इल्जाम लगावै, ना सच्चाई तै मुँह मोड़, गलत दिखे तो सवाल उठा ले, सही का दामन जोड़। जनता जागे, जनता सोचे, सच की करे पहचान, अंधभक्ति तै ऊपर राखे, अपनी बुद्धि अर ग्यान।

रे ग्यान की बात बतावै सै, कर्मां का हिसाब बता, किताबां में जो लिख्या सै, उसका मतलब साफ-साफ बता। अंधभक्ति में पड़कै भाई, आँख ना अपनी बंद कर, सच की खातिर सवाल उठा, सोच-समझ के कदम धर। सबूत बोलेंगे अदालत में, फैसला कानून सुनाएगा, झूठ-सच का पूरा हिसाब वक्त सामने लाएगा!

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